Consumer Equilibrium
The Ordinal Approch
Indifference Curve Analysis
क्रमवाचक उपयोगिता गिद्ाांत :
तटस्थता या अनागिमान वक्र
दृगिकोण
Dr . Anamika kaushiva
तटस्थता या अनागिमान वक्र दृगिकोण
• गिक्स तथा ऐलन (Hicks and Allen) ने 1934 में तटस्थता वक्र ववश्लेषण को मााँग विद्ाांत का महत्त्वपूणण उपकरण क
े रूप में अपनी
पुस्तक “मूल्य तथा पूाँजी” (Value and Capital) में की ।
• तटस्थता वक्र ववश्लेषण उपयोवगता क
े क्रम वाचक दृगिकोण पर आिाररत है वजिमें यह तथ्य वनवहत है वक उपयोगिता मापनीय निीां
अगपतु तुलनीय िै। उपभोक्ता क
े वल एक स्स्थवत में प्राप्त होने वाली उपयोवगता की तुलना दू िरी स्स्थवत में प्राप्त होने वाली उपयोवगता िे कर
िकता है।
• उपभोक्ता अपने अगिमान (preference) क
े अनुिार वस्तुओां क
े िांयोिोां को प्राप्त उपयोगिता क
े आिार पर क्रमबद् करता िै
और प्रत्येक क्रम िन्तुवि या उपयोवगता क
े एक वनवित स्तर का िूचक होता है।
• इि प्रकार िांतुवि क
े वववभन्न स्तरोां को प्रथम, वितीय, तृतीय या चतुथण आवद क्रम िूचक िांख्याओां में रखा जाता है। इिी आधार पर
उपभोक्ता यह बता िकता है वक उिे वस्तुओां क
े िांयोग A की तुलना में िांयोग B अवधक पिन्द है या कम, या वह दोनोां िे िमान िन्तुवि
प्राप्त कर रहा है और इिवलए उनक
े बीच तटस्थ (Indifferent) है।
Assumptions of the Theory तटस्थता वक्र गवश्लेषण की मान्यताएँ
• Consumer is rational - उपभोक्ता का व्यवहार वववेकपूणण है।
• Utilities is ordinal - उपयोवगता क्रमवाचक िांख्याओां क
े रूप में व्यक्त वकया जाता है। क्रमवाचक
िांख्याएाँ वे
िांख्याएाँ हैं जो श्ृांखलाओां में श्ेणी को (in ranks) व्यक्त करती हैं जैिे प्रथम, वितीय और तृतीय।
• Weak Ordering गनबबल क्रमबद्ता -अनवधमान वक्र ववश्लेषण इि मान्यता पर आधाररत है वक
उपभोक्ता की क्रमबद्ता वनबणल होती हैं। इिका अथण यह है वक उपभोक्ता स्पि कर िकता है वक
वकन
िांयोगोां िे अवधक तो वकन िांयोगोां िे क्रम िन्तुवि वमलेगी या वकन उपलब्ध िांयोगोां में िे वकिी एक
को चुन नहीां िकता और तटस्थ रहेगा ।
• Diminishing Marginal Rate of Substitution (MRS) घटती िीमाांत प्रगतस्थापन दर - एक
उपभोक्ता क
े पाि जैिे-जैिे वकिी वस्तु की मात्रा बढ़ती है वह उि वस्तु का अन्य वस्तु िे प्रवतस्थापन
घटती दर पर करता है।
Indifference Schedule and Indifference Curve तटस्थता अनुिूची और तटस्थता वक्र
• तटस्थता का अथण है अांतर का अभाव यवद वस्तु X और वस्तु Y क
े दो वववभन िांयोग A और B िे उपभोक्ता को िमान
िांतुवि प्राप्त होती है, उपभोक्ता इन दोनोां िांयोगोां क
े ववषय में तटस्थ होगा . वह वकिी एक िांयोग क
े वलए अपनी पिांद को
प्रकट नहीांकर पाएगा और उनक
े बीच उदािीन रहेगा।
• एक तटस्थता अनुिूची िे अवभप्राय उि अनुिूची िे है जो दो वस्तुओां क
े वववभन्न िांयोगोां को दर्ाणती है वजििे उपभोक्ता
को िमान िांतुवि प्राप्त होती है।
• वनम्न तावलका िेबोां तथा िांतरोां क
े उन वववभन्न िांयोगोां को दर्ाणती है वजनिे एक उपभोक्ता को िमान िांतुवि प्राप्त होती
है।
• िेबोां तथा िांतरोां क
े चारोां िांयोगोां A B C D िे उपभोक्ता िमान िांतुवि प्राप्त करेगा। िांयोग A में िेब 1 और िांतरे 10 हैं,
िांयोग B में 2 िेब और 7 िांतरे हैं; िांयोग C में 3 िेब और 5 िांतरे हैं और िांयोग Dमें 4 और िेब 4 िांतरे हैं। चारोां िांयोगोां
िे उपभोक्ता िमान िांतुवि देंगे। उपभोक्ता उनक
े बीच उदािीन रहेगा। उपभोक्ता अवधक िेब लेने क
े वलए िांतरोां की
क
ु छ मात्रा का त्याग इि प्रकार िे कर रहा है वक प्रत्येक िांयोग िे वमलने वाली िांतुवि क
े स्तर में कोई पररवतणन न हो।
तटस्थता अनुिूची Indifference Schedule
िेब तथा िांतरे क
े गवगभन्न िांयोि िेब िांतरे
A 1 10
B 2 7
C 3 5
D 4 4
X-Commodity
Y-Commodity
Indifference curve is a locus of points,
various combinations of two
commodities (X and Y) which provide
the same level of satisfaction (U1) to
the consumers
“एक तटस्थता वक्र वबांदुओां का वह पथ है,
जो वस्तुओां क
े उन ववर्ेष िांयोगोां को प्रकट
करता है जो उपभोक्ता को िमान िांतुवि
प्रदान करते हैं, अतएवां इनक
े प्रवत
उपभोक्ता तटस्थ होता है।“
U1
X-Commodity
Y-Commodity
Slope of Indifference Curve (IC) is the ratio of
Marginal Utility of X to Marginal Utility of Y
i.e. (MUx/ my)
िीमाांत प्रवतस्थापन दर वह दर है वजि पर
उपभोक्ता, िांतुवि क
े अपने स्तर में पररवतणन वकए
वबना, एक वस्तु का दू िरी वस्तु क
े वलए प्रवतस्थापन
कर िकता है। यह तटस्थता वक्रोां क
े ढलान को
प्रकट करती है।
U1
Law of Diminishing Marginal Rate of Substitution िीमाांत प्रगतस्थापन की घटती दर का गनयम
उपभोक्ता क
े पाि जब वकिी वस्तु का स्टॉक बढ़ता हे तो अपने िांतुवि क
े स्तर को िमान बनाए रखने क
े
वलए वह इि वस्तु का दू िरी वस्तु क
े वलए प्रवतस्थापन घटती हुई दर पर करेगा। ऐिी स्स्थवत में तटस्थता
बक्र मूल वबांदु की ओर उन्नतोदर (Convex) होती है। तटस्थता वक्र की यह एक आधारभूत मान्यता है -
जैिे-जैिे िेबोां की अवधक िांख्या लेता जाएगा, िांतरोां कीिेबोां क
े वलए िीमाांत प्रवतस्थापन दर कम
होती जाएगी।
उपभोक्ता जेिे-जेिे िेबोां क
े उपयोि को बढाता जाता िै तो उिकी प्रत्येक अगतररक्त इकाई क
े
गलए वि क्रमशः कम िांतरोां का त्याि करता िे अथाबत् प्रगतस्थापन दर 3:, 2:, :। िो जाती िै।
इिे घटती िीमाांत प्रगतस्थापन दर का गनयम किा जाता िै।
िीमाांत प्रगतस्थापन की घटती दर
Diminishing Marginal Rate of Substitution
िेब तथा िांतरे क
े
गवगभन्न िांयोि
िेब िांतरे िीमाांत प्रवतस्थापन की दर
A 1 10 -
B 2 7 3:1
C 3 5 2:1
D 4 4 1:1
X-Commodity
Y-Commodity
Higher the indifference curve, higher the level of satisfaction
(U2>U1)
यवद तटस्थता वक्रोां क
े िमूह को एक वचत्र क
े रूप में प्रकट वकया
जाए तो उिे तटस्थता मानवचत्र कहा जाता है। तटस्थता मानवचत्र में
प्रत्येक वक्र िांतुवि क
े एक वनवित िांतुवि स्तर को बतलाता है।
U1
U2
Indifference Map तटस्थता मानगचत्र
Characteristics of indifference curves तटस्थता वक्रोांकी गवशेषताएँ
An indifference curve slopes
Negatively - downwards from
left to right
एक तटस्थता वक्र का ढलान बाएाँ िे
दाएाँ नीचे की ओर अथाणत् ऋणात्मक
होता है।
Two IC do not touch or intersect each
other
दो तटस्थता वक्र एक दू िरे को न तो छ
ू ते
और न िी काटते िैं
तटस्थता वक्र IC1 पर वबांदु A तथा वबांदु C
िमान िांतुवि वाले िांयोगोां को प्रकट कर रहे
है।
इिी प्रकार तटस्थता वक्र IC2 पर वबांदु A तथा
वबांदु B िमान िांतुवि को प्रकट कर रहे हें ।
इिका अथण यह हुआ वक B िांयोग िे प्राप्त
िांतुवि C िांयोग िे प्राप्त िांतुवि क
े बराबर है,
परांतु यह िांभव नहीां है क्ोांवक िांयोग B में
िांयोग C तुलना में िांतरोां की मात्रा अवधक है
बेर्क िेबोां की मात्रा िमान है।
An indifference Curve is Convex to
origin
मूल गबांवु की ओर उन्नतोदर -तटस्थता वक्र
िामान्यतया मूल वबांदु की ओर उनन्नतोदर
(नीचे की ओर झुका हुआ) होता है। जैिे-जैिे
तटस्थता वक्र आगे की ओर िरकते जाते हैं
वक्र की ढलान घटती है।
तटस्थता वक्र मूल वबांदु 0” की ओर
उनन्नतोदर है।
िेबोां की िांतरोां क
े वलए िीमाांत प्रवतस्थापन
दर घटती जा रही है।
उपभोक्ता िेबोां की जैिे-जैिे अवधक मात्रा
लेता जाएगा, वह िांतरोां की कम मात्रा का
त्याग करना चाहेगा।
उपभोक्ता पहले अवतररक्त िेब (BC) क
े
वलए 3 िांतरोां (AB) का त्याग करेगा, दू िरे
िेब (DE) क
े वलए 2 िांतरोां (CD) का तथा
तीिरे िेब (EG) क
े वलए 1 िांतरे (EF) का
त्याग करना चाहेगा।
X-Commodity
Y-Commodity
Indifference curves never touch X
or Y axis
तटस्थता वक्र िामान्यतया न तो X
अक्ष को और न िी Y अक्ष को छ
ू ता िै
U1
Budget line or Price Line बजट रेखा या कीमत रेखा
• बजट रेखा वि रेखा िै जो दो वस्तुओां क
े गवगभन्न िांयोिोां को प्रकट करती िै गजन्हें उपभोक्ता एक दी हुई मौगिक आय तथा दो वस्तुओां की
दी हुई कीमत पर खरीद िकता िै।
• मान लीवजए उपभोक्ता की आय 4.00 रुपये है, बह िेबोां तथा िांतरोां पर अपनी िारी आय खचण करना चाहता है। िांतरे की कीमत 50 पैिे प्रवत
िांतरा तथा िेब की कीमत 1.00 रुपया प्रवत िेब है।
• यवद उपभोक्ता क
े वल िांतरे खरीदना चाहता हे तो वह अपनी 4 रुपये की वनवित आय िे अवधक िे अवधक 8 िांतरे खरीद िकता है। यवद उपभोक्ता
क
े वल िेब ही खरीदना चाहता है तो अवधक िे अवधक 4 िेब खरीद िकता है। िेबोां तथा िांतरोां की इन िीमाओां क
े बीच बनने वाले कई िांयोग जैिे 6 िांतरे
1िेब, 4 िांतरे 2 िेब, 2 िांतरे 3 िेब भी खरीद िकता है।
वैकल्पिक उपभोि िांभावनाए (Alternative Consumption possibilities)
िांयोि आय (income) रुपये िेब
कीमत 1.00 रुपया प्रवत िेब
िांतरे
कीमत 50 पैिे प्रवत िांतरा
A 4.00 0 8
B 4.00 1 6
C 4.00 2 4
D 4.00 3 2
E 4.00 4 0
X-Commodity
Y-Commodity
Budget Line: Shows various combinations
of two commodities (X and Y) that can be
purchased from given level of income at
given prices of commodities.
अपनी वनवित आय तथा िेब एवां िांतरोां की
वनवित कीमत िे उपभोक्ता इन दोनोां वस्तुओां क
े
जो वववभन्न िांयोग खरीद िकता है उन्हें बजट
रेखा िारा प्रकट वकया जाता हे।
बजट रेखा का ढलान (Slope of Price line) = Px
/Py = िेब तथा िांतरोां की कीमतोां का अनुपात
A
B
X-Commodity
Y-Commodity
SHIFT IN PRICE LINE DUE TO
INCREASE IN INCOME
Budget Line shift upwards parallelly
if there is increase in income
आय बढ़ने िे कीमत रेखा ऊपर दाईां ओर
िरक कर A1B1 हो जाएगी परांतु कीमत
रेखा ढलान में कोई पररवतणन नहीां होगा।
A1
B1
A
B
X-Commodity
Y-Commodity
SHIFT IN PRICE LINE DUE TO
DECREASE IN INCOME
Budget Line shift upwards parallelly
if there is increase in income
आय कम होने िे कीमत रेखा नीचे बाई
ओर िरक कर A1B1 हो जाएगी परांतु
कीमत रेखा ढलान में कोई पररवतणन नहीां
होगा।
A
B
A1
B1
X-Commodity
Y-Commodity
SHIFT IN PRICE LINE DUE TO
DECREASE IN PRICE OF GOOD X
Budget Line shift to right on the X axix if there
is decrease in the price of X commodity and
slope of the budget line declines
There is no change in the intercept on Y axis if
there is change only in the price of X
commodity and vice-versa
यवद कीमत कम होती है तो कीमत रेखा X अक्ष पर
अपने प्रारांवभक स्थान AB िे आगे की ओर िरक
AB1 हो जाएगी।
B1
A
B
Consumer Equilibrium उपभोक्ता िांतुलन
• एक उपभोक्ता एक वनवित आय तथा वनवित कीमतोां पर वस्तुओां तथा िेवाओां का एक ऐिा िांयोग
खरीदता है वजििे उिे अवधकतम िांतुवि प्राप्त हो रही हो और वह उिमें वकिी भी प्रकार का पररवतणन
करने का इच्छु क न हो।
उपभोक्ता िांतुलन की दो आिारभूत शतें
• कीमत रेखा और उन्नतोदर तटस्थता वक्र स्पर्ण करेगी। (The Price line is Tangent to the convex
indifference curve) िीमाांत प्रवतस्थापन की दर वस्तुओां की कीमतोां क
े अनुपातोां क
े बराबर हो -
MRSyx = Px / Py
• . तटस्थता वक्र मूल वबांवु की ओर उनन्नतोदर होनी चावहए The Indiference Curve Should be
Convex to the Origin
दी हुई आय क
े व्यय िे उपभोक्ता को अगिकतम िन्तुगि उि गबन्दु पर गमलेिी जिाँ कीमत रेखा
उिक
े तटस्थता वक्र मानगचत्र में िवोच्च िांभव तटस्थता वक्र पर स्पशब करेिी। यि स्पशब गबन्दु िी
उपभोक्ता क
े िांतुलन का गबन्दु िोिा।
At the point of Consumer Equilibrium,the Price line is Tangent to the convex indifference
curve.
X-Commodity
Y-Commodity
Consumer is in equilibrium when the budget line
is tangent to the highest possible indifference
curve i. e. at point e
At this points the following two conditions are
satisfied
i: slope of IC =Slope of Budget Line
Ii: ICs are convex to Origin (O)
उपभोक्ता िांतुलन की अवस्था में होता है तो कीमत रेखा
तथा तटस्थता वक्र का ढलान एक दू िरे क
े बराबर होता
है अथाणत् X वस्तु क
े वलए Y वस्तु की िीमाांत प्रवतस्थापन
की दर तथा X और Y वस्तुओां की कीमतोां का अनुपात
बराबर होना चावहए।
U1
U3
U2
e

Consumer Equilibrium - Indifference Curve.pptx

  • 1.
    Consumer Equilibrium The OrdinalApproch Indifference Curve Analysis क्रमवाचक उपयोगिता गिद्ाांत : तटस्थता या अनागिमान वक्र दृगिकोण Dr . Anamika kaushiva
  • 2.
    तटस्थता या अनागिमानवक्र दृगिकोण • गिक्स तथा ऐलन (Hicks and Allen) ने 1934 में तटस्थता वक्र ववश्लेषण को मााँग विद्ाांत का महत्त्वपूणण उपकरण क े रूप में अपनी पुस्तक “मूल्य तथा पूाँजी” (Value and Capital) में की । • तटस्थता वक्र ववश्लेषण उपयोवगता क े क्रम वाचक दृगिकोण पर आिाररत है वजिमें यह तथ्य वनवहत है वक उपयोगिता मापनीय निीां अगपतु तुलनीय िै। उपभोक्ता क े वल एक स्स्थवत में प्राप्त होने वाली उपयोवगता की तुलना दू िरी स्स्थवत में प्राप्त होने वाली उपयोवगता िे कर िकता है। • उपभोक्ता अपने अगिमान (preference) क े अनुिार वस्तुओां क े िांयोिोां को प्राप्त उपयोगिता क े आिार पर क्रमबद् करता िै और प्रत्येक क्रम िन्तुवि या उपयोवगता क े एक वनवित स्तर का िूचक होता है। • इि प्रकार िांतुवि क े वववभन्न स्तरोां को प्रथम, वितीय, तृतीय या चतुथण आवद क्रम िूचक िांख्याओां में रखा जाता है। इिी आधार पर उपभोक्ता यह बता िकता है वक उिे वस्तुओां क े िांयोग A की तुलना में िांयोग B अवधक पिन्द है या कम, या वह दोनोां िे िमान िन्तुवि प्राप्त कर रहा है और इिवलए उनक े बीच तटस्थ (Indifferent) है।
  • 3.
    Assumptions of theTheory तटस्थता वक्र गवश्लेषण की मान्यताएँ • Consumer is rational - उपभोक्ता का व्यवहार वववेकपूणण है। • Utilities is ordinal - उपयोवगता क्रमवाचक िांख्याओां क े रूप में व्यक्त वकया जाता है। क्रमवाचक िांख्याएाँ वे िांख्याएाँ हैं जो श्ृांखलाओां में श्ेणी को (in ranks) व्यक्त करती हैं जैिे प्रथम, वितीय और तृतीय। • Weak Ordering गनबबल क्रमबद्ता -अनवधमान वक्र ववश्लेषण इि मान्यता पर आधाररत है वक उपभोक्ता की क्रमबद्ता वनबणल होती हैं। इिका अथण यह है वक उपभोक्ता स्पि कर िकता है वक वकन िांयोगोां िे अवधक तो वकन िांयोगोां िे क्रम िन्तुवि वमलेगी या वकन उपलब्ध िांयोगोां में िे वकिी एक को चुन नहीां िकता और तटस्थ रहेगा । • Diminishing Marginal Rate of Substitution (MRS) घटती िीमाांत प्रगतस्थापन दर - एक उपभोक्ता क े पाि जैिे-जैिे वकिी वस्तु की मात्रा बढ़ती है वह उि वस्तु का अन्य वस्तु िे प्रवतस्थापन घटती दर पर करता है।
  • 4.
    Indifference Schedule andIndifference Curve तटस्थता अनुिूची और तटस्थता वक्र • तटस्थता का अथण है अांतर का अभाव यवद वस्तु X और वस्तु Y क े दो वववभन िांयोग A और B िे उपभोक्ता को िमान िांतुवि प्राप्त होती है, उपभोक्ता इन दोनोां िांयोगोां क े ववषय में तटस्थ होगा . वह वकिी एक िांयोग क े वलए अपनी पिांद को प्रकट नहीांकर पाएगा और उनक े बीच उदािीन रहेगा। • एक तटस्थता अनुिूची िे अवभप्राय उि अनुिूची िे है जो दो वस्तुओां क े वववभन्न िांयोगोां को दर्ाणती है वजििे उपभोक्ता को िमान िांतुवि प्राप्त होती है। • वनम्न तावलका िेबोां तथा िांतरोां क े उन वववभन्न िांयोगोां को दर्ाणती है वजनिे एक उपभोक्ता को िमान िांतुवि प्राप्त होती है। • िेबोां तथा िांतरोां क े चारोां िांयोगोां A B C D िे उपभोक्ता िमान िांतुवि प्राप्त करेगा। िांयोग A में िेब 1 और िांतरे 10 हैं, िांयोग B में 2 िेब और 7 िांतरे हैं; िांयोग C में 3 िेब और 5 िांतरे हैं और िांयोग Dमें 4 और िेब 4 िांतरे हैं। चारोां िांयोगोां िे उपभोक्ता िमान िांतुवि देंगे। उपभोक्ता उनक े बीच उदािीन रहेगा। उपभोक्ता अवधक िेब लेने क े वलए िांतरोां की क ु छ मात्रा का त्याग इि प्रकार िे कर रहा है वक प्रत्येक िांयोग िे वमलने वाली िांतुवि क े स्तर में कोई पररवतणन न हो। तटस्थता अनुिूची Indifference Schedule िेब तथा िांतरे क े गवगभन्न िांयोि िेब िांतरे A 1 10 B 2 7 C 3 5 D 4 4
  • 5.
    X-Commodity Y-Commodity Indifference curve isa locus of points, various combinations of two commodities (X and Y) which provide the same level of satisfaction (U1) to the consumers “एक तटस्थता वक्र वबांदुओां का वह पथ है, जो वस्तुओां क े उन ववर्ेष िांयोगोां को प्रकट करता है जो उपभोक्ता को िमान िांतुवि प्रदान करते हैं, अतएवां इनक े प्रवत उपभोक्ता तटस्थ होता है।“ U1
  • 6.
    X-Commodity Y-Commodity Slope of IndifferenceCurve (IC) is the ratio of Marginal Utility of X to Marginal Utility of Y i.e. (MUx/ my) िीमाांत प्रवतस्थापन दर वह दर है वजि पर उपभोक्ता, िांतुवि क े अपने स्तर में पररवतणन वकए वबना, एक वस्तु का दू िरी वस्तु क े वलए प्रवतस्थापन कर िकता है। यह तटस्थता वक्रोां क े ढलान को प्रकट करती है। U1
  • 7.
    Law of DiminishingMarginal Rate of Substitution िीमाांत प्रगतस्थापन की घटती दर का गनयम उपभोक्ता क े पाि जब वकिी वस्तु का स्टॉक बढ़ता हे तो अपने िांतुवि क े स्तर को िमान बनाए रखने क े वलए वह इि वस्तु का दू िरी वस्तु क े वलए प्रवतस्थापन घटती हुई दर पर करेगा। ऐिी स्स्थवत में तटस्थता बक्र मूल वबांदु की ओर उन्नतोदर (Convex) होती है। तटस्थता वक्र की यह एक आधारभूत मान्यता है - जैिे-जैिे िेबोां की अवधक िांख्या लेता जाएगा, िांतरोां कीिेबोां क े वलए िीमाांत प्रवतस्थापन दर कम होती जाएगी। उपभोक्ता जेिे-जेिे िेबोां क े उपयोि को बढाता जाता िै तो उिकी प्रत्येक अगतररक्त इकाई क े गलए वि क्रमशः कम िांतरोां का त्याि करता िे अथाबत् प्रगतस्थापन दर 3:, 2:, :। िो जाती िै। इिे घटती िीमाांत प्रगतस्थापन दर का गनयम किा जाता िै। िीमाांत प्रगतस्थापन की घटती दर Diminishing Marginal Rate of Substitution िेब तथा िांतरे क े गवगभन्न िांयोि िेब िांतरे िीमाांत प्रवतस्थापन की दर A 1 10 - B 2 7 3:1 C 3 5 2:1 D 4 4 1:1
  • 8.
    X-Commodity Y-Commodity Higher the indifferencecurve, higher the level of satisfaction (U2>U1) यवद तटस्थता वक्रोां क े िमूह को एक वचत्र क े रूप में प्रकट वकया जाए तो उिे तटस्थता मानवचत्र कहा जाता है। तटस्थता मानवचत्र में प्रत्येक वक्र िांतुवि क े एक वनवित िांतुवि स्तर को बतलाता है। U1 U2 Indifference Map तटस्थता मानगचत्र
  • 9.
    Characteristics of indifferencecurves तटस्थता वक्रोांकी गवशेषताएँ An indifference curve slopes Negatively - downwards from left to right एक तटस्थता वक्र का ढलान बाएाँ िे दाएाँ नीचे की ओर अथाणत् ऋणात्मक होता है।
  • 10.
    Two IC donot touch or intersect each other दो तटस्थता वक्र एक दू िरे को न तो छ ू ते और न िी काटते िैं तटस्थता वक्र IC1 पर वबांदु A तथा वबांदु C िमान िांतुवि वाले िांयोगोां को प्रकट कर रहे है। इिी प्रकार तटस्थता वक्र IC2 पर वबांदु A तथा वबांदु B िमान िांतुवि को प्रकट कर रहे हें । इिका अथण यह हुआ वक B िांयोग िे प्राप्त िांतुवि C िांयोग िे प्राप्त िांतुवि क े बराबर है, परांतु यह िांभव नहीां है क्ोांवक िांयोग B में िांयोग C तुलना में िांतरोां की मात्रा अवधक है बेर्क िेबोां की मात्रा िमान है।
  • 11.
    An indifference Curveis Convex to origin मूल गबांवु की ओर उन्नतोदर -तटस्थता वक्र िामान्यतया मूल वबांदु की ओर उनन्नतोदर (नीचे की ओर झुका हुआ) होता है। जैिे-जैिे तटस्थता वक्र आगे की ओर िरकते जाते हैं वक्र की ढलान घटती है। तटस्थता वक्र मूल वबांदु 0” की ओर उनन्नतोदर है। िेबोां की िांतरोां क े वलए िीमाांत प्रवतस्थापन दर घटती जा रही है। उपभोक्ता िेबोां की जैिे-जैिे अवधक मात्रा लेता जाएगा, वह िांतरोां की कम मात्रा का त्याग करना चाहेगा। उपभोक्ता पहले अवतररक्त िेब (BC) क े वलए 3 िांतरोां (AB) का त्याग करेगा, दू िरे िेब (DE) क े वलए 2 िांतरोां (CD) का तथा तीिरे िेब (EG) क े वलए 1 िांतरे (EF) का त्याग करना चाहेगा।
  • 12.
    X-Commodity Y-Commodity Indifference curves nevertouch X or Y axis तटस्थता वक्र िामान्यतया न तो X अक्ष को और न िी Y अक्ष को छ ू ता िै U1
  • 13.
    Budget line orPrice Line बजट रेखा या कीमत रेखा • बजट रेखा वि रेखा िै जो दो वस्तुओां क े गवगभन्न िांयोिोां को प्रकट करती िै गजन्हें उपभोक्ता एक दी हुई मौगिक आय तथा दो वस्तुओां की दी हुई कीमत पर खरीद िकता िै। • मान लीवजए उपभोक्ता की आय 4.00 रुपये है, बह िेबोां तथा िांतरोां पर अपनी िारी आय खचण करना चाहता है। िांतरे की कीमत 50 पैिे प्रवत िांतरा तथा िेब की कीमत 1.00 रुपया प्रवत िेब है। • यवद उपभोक्ता क े वल िांतरे खरीदना चाहता हे तो वह अपनी 4 रुपये की वनवित आय िे अवधक िे अवधक 8 िांतरे खरीद िकता है। यवद उपभोक्ता क े वल िेब ही खरीदना चाहता है तो अवधक िे अवधक 4 िेब खरीद िकता है। िेबोां तथा िांतरोां की इन िीमाओां क े बीच बनने वाले कई िांयोग जैिे 6 िांतरे 1िेब, 4 िांतरे 2 िेब, 2 िांतरे 3 िेब भी खरीद िकता है। वैकल्पिक उपभोि िांभावनाए (Alternative Consumption possibilities) िांयोि आय (income) रुपये िेब कीमत 1.00 रुपया प्रवत िेब िांतरे कीमत 50 पैिे प्रवत िांतरा A 4.00 0 8 B 4.00 1 6 C 4.00 2 4 D 4.00 3 2 E 4.00 4 0
  • 14.
    X-Commodity Y-Commodity Budget Line: Showsvarious combinations of two commodities (X and Y) that can be purchased from given level of income at given prices of commodities. अपनी वनवित आय तथा िेब एवां िांतरोां की वनवित कीमत िे उपभोक्ता इन दोनोां वस्तुओां क े जो वववभन्न िांयोग खरीद िकता है उन्हें बजट रेखा िारा प्रकट वकया जाता हे। बजट रेखा का ढलान (Slope of Price line) = Px /Py = िेब तथा िांतरोां की कीमतोां का अनुपात A B
  • 15.
    X-Commodity Y-Commodity SHIFT IN PRICELINE DUE TO INCREASE IN INCOME Budget Line shift upwards parallelly if there is increase in income आय बढ़ने िे कीमत रेखा ऊपर दाईां ओर िरक कर A1B1 हो जाएगी परांतु कीमत रेखा ढलान में कोई पररवतणन नहीां होगा। A1 B1 A B
  • 16.
    X-Commodity Y-Commodity SHIFT IN PRICELINE DUE TO DECREASE IN INCOME Budget Line shift upwards parallelly if there is increase in income आय कम होने िे कीमत रेखा नीचे बाई ओर िरक कर A1B1 हो जाएगी परांतु कीमत रेखा ढलान में कोई पररवतणन नहीां होगा। A B A1 B1
  • 17.
    X-Commodity Y-Commodity SHIFT IN PRICELINE DUE TO DECREASE IN PRICE OF GOOD X Budget Line shift to right on the X axix if there is decrease in the price of X commodity and slope of the budget line declines There is no change in the intercept on Y axis if there is change only in the price of X commodity and vice-versa यवद कीमत कम होती है तो कीमत रेखा X अक्ष पर अपने प्रारांवभक स्थान AB िे आगे की ओर िरक AB1 हो जाएगी। B1 A B
  • 18.
    Consumer Equilibrium उपभोक्तािांतुलन • एक उपभोक्ता एक वनवित आय तथा वनवित कीमतोां पर वस्तुओां तथा िेवाओां का एक ऐिा िांयोग खरीदता है वजििे उिे अवधकतम िांतुवि प्राप्त हो रही हो और वह उिमें वकिी भी प्रकार का पररवतणन करने का इच्छु क न हो। उपभोक्ता िांतुलन की दो आिारभूत शतें • कीमत रेखा और उन्नतोदर तटस्थता वक्र स्पर्ण करेगी। (The Price line is Tangent to the convex indifference curve) िीमाांत प्रवतस्थापन की दर वस्तुओां की कीमतोां क े अनुपातोां क े बराबर हो - MRSyx = Px / Py • . तटस्थता वक्र मूल वबांवु की ओर उनन्नतोदर होनी चावहए The Indiference Curve Should be Convex to the Origin दी हुई आय क े व्यय िे उपभोक्ता को अगिकतम िन्तुगि उि गबन्दु पर गमलेिी जिाँ कीमत रेखा उिक े तटस्थता वक्र मानगचत्र में िवोच्च िांभव तटस्थता वक्र पर स्पशब करेिी। यि स्पशब गबन्दु िी उपभोक्ता क े िांतुलन का गबन्दु िोिा। At the point of Consumer Equilibrium,the Price line is Tangent to the convex indifference curve.
  • 19.
    X-Commodity Y-Commodity Consumer is inequilibrium when the budget line is tangent to the highest possible indifference curve i. e. at point e At this points the following two conditions are satisfied i: slope of IC =Slope of Budget Line Ii: ICs are convex to Origin (O) उपभोक्ता िांतुलन की अवस्था में होता है तो कीमत रेखा तथा तटस्थता वक्र का ढलान एक दू िरे क े बराबर होता है अथाणत् X वस्तु क े वलए Y वस्तु की िीमाांत प्रवतस्थापन की दर तथा X और Y वस्तुओां की कीमतोां का अनुपात बराबर होना चावहए। U1 U3 U2 e