कारपेंटर (बढ़ईगीरी) ट्रेड
आईटीआई (औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान) में कारपेंटर (बढ़ईगीरी) ट्रेड एक
महत्वपूर्ण और व्यावहारिक कोर्स है जो विद्यार्थियों को लकड़ी के काम, निर्माण,
और मरम्मत के लिए प्रशिक्षित करता है। इस कोर्स के अंतर्गत विद्यार्थियों को
विभिन्न प्रकार के लकड़ी के काम और निर्माण के तरीकों के बारे में विस्तृत ज्ञान
और व्यावहारिक कौशल प्रदान किए जाते हैं।
कोर्स की अवधि:
आईटीआई कारपेंटर कोर्स की अवधि आमतौर पर 1 वर्ष होती है।
पात्रता:
शैक्षिक योग्यता: उम्मीदवार को 8वीं या 10वीं कक्षा (मैट्रिकुलेशन) पास होना
चाहिए, जो संस्थान की आवश्यकताओं पर निर्भर करता है।
आयु सीमा: आमतौर पर 14 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए। (आरक्षित वर्गों के
लिए आयु में छूट भी हो सकती है)
कोर्स की संरचना:
इस कोर्स में थ्योरी के साथ-साथ प्रैक्टिकल ट्रेनिंग भी दी जाती है। इसमें निम्नलिखित विषय शामिल होते
हैं:
 लकड़ी के प्रकार और उनके गुण
 हैंड टूल्स और पावर टूल्स का उपयोग
 वुडवर्किंग जॉइंट्स और कनेक्शंस
 फर्नीचर निर्माण
 दरवाजे, खिड़कियाँ और फर्निशिंग
 वुड पॉलिशिंग और फिनिशिंग तकनीक
 निर्माण ड्राइंग और माप
प्रशिक्षण के दौरान:
छात्रों को विभिन्न प्रकार के लकड़ी के काम और तकनीकों के बारे में सिखाया
जाता है। इसमें निम्नलिखित प्रैक्टिकल अनुभव शामिल होते हैं:
 लकड़ी काटना और आकार देना
 वुडवर्किंग जॉइंट्स बनाना
 फर्नीचर निर्माण (टेबल, कुर्सी, अलमारी आदि)
 दरवाजे और खिड़कियाँ बनाना
 वुड पॉलिशिंग और फिनिशिंग
 निर्माण ड्रॉइंग को पढ़ना और समझना
कैरियर संभावनाएँ:
आईटीआई कारपेंटर कोर्स के बाद, आप विभिन्न क्षेत्रों में नौकरी पा सकते हैं, जैसे:
 फर्नीचर निर्माण कंपनियां
 निर्माण कंपनियां
 इंटीरियर डिजाइन फर्म्स
 वुडवर्किंग शॉप्स
 स्वयं का व्यवसाय (फर्नीचर और वुडवर्किंग सर्विसेज)
आगे की शिक्षा:
इस कोर्स के बाद, विद्यार्थी आगे की शिक्षा के रूप में डिप्लोमा या सर्टिफिकेट कोर्स कर
सकते हैं, जैसे:
 डिप्लोमा इन वुड टेक्नोलॉजी
 एडवांस्ड सर्टिफिकेट इन फर्नीचर डिजाइनिंग
 अन्य स्पेशलाइज्ड कारपेंट्री कोर्सेज
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कारपेंटर (बढ़ईगीरी) czczczczczczट्रेड.pptx

  • 1.
    कारपेंटर (बढ़ईगीरी) ट्रेड आईटीआई(औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान) में कारपेंटर (बढ़ईगीरी) ट्रेड एक महत्वपूर्ण और व्यावहारिक कोर्स है जो विद्यार्थियों को लकड़ी के काम, निर्माण, और मरम्मत के लिए प्रशिक्षित करता है। इस कोर्स के अंतर्गत विद्यार्थियों को विभिन्न प्रकार के लकड़ी के काम और निर्माण के तरीकों के बारे में विस्तृत ज्ञान और व्यावहारिक कौशल प्रदान किए जाते हैं।
  • 2.
    कोर्स की अवधि: आईटीआईकारपेंटर कोर्स की अवधि आमतौर पर 1 वर्ष होती है। पात्रता: शैक्षिक योग्यता: उम्मीदवार को 8वीं या 10वीं कक्षा (मैट्रिकुलेशन) पास होना चाहिए, जो संस्थान की आवश्यकताओं पर निर्भर करता है। आयु सीमा: आमतौर पर 14 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए। (आरक्षित वर्गों के लिए आयु में छूट भी हो सकती है)
  • 3.
    कोर्स की संरचना: इसकोर्स में थ्योरी के साथ-साथ प्रैक्टिकल ट्रेनिंग भी दी जाती है। इसमें निम्नलिखित विषय शामिल होते हैं:  लकड़ी के प्रकार और उनके गुण  हैंड टूल्स और पावर टूल्स का उपयोग  वुडवर्किंग जॉइंट्स और कनेक्शंस  फर्नीचर निर्माण  दरवाजे, खिड़कियाँ और फर्निशिंग  वुड पॉलिशिंग और फिनिशिंग तकनीक  निर्माण ड्राइंग और माप
  • 4.
    प्रशिक्षण के दौरान: छात्रोंको विभिन्न प्रकार के लकड़ी के काम और तकनीकों के बारे में सिखाया जाता है। इसमें निम्नलिखित प्रैक्टिकल अनुभव शामिल होते हैं:  लकड़ी काटना और आकार देना  वुडवर्किंग जॉइंट्स बनाना  फर्नीचर निर्माण (टेबल, कुर्सी, अलमारी आदि)  दरवाजे और खिड़कियाँ बनाना  वुड पॉलिशिंग और फिनिशिंग  निर्माण ड्रॉइंग को पढ़ना और समझना
  • 5.
    कैरियर संभावनाएँ: आईटीआई कारपेंटरकोर्स के बाद, आप विभिन्न क्षेत्रों में नौकरी पा सकते हैं, जैसे:  फर्नीचर निर्माण कंपनियां  निर्माण कंपनियां  इंटीरियर डिजाइन फर्म्स  वुडवर्किंग शॉप्स  स्वयं का व्यवसाय (फर्नीचर और वुडवर्किंग सर्विसेज)
  • 6.
    आगे की शिक्षा: इसकोर्स के बाद, विद्यार्थी आगे की शिक्षा के रूप में डिप्लोमा या सर्टिफिकेट कोर्स कर सकते हैं, जैसे:  डिप्लोमा इन वुड टेक्नोलॉजी  एडवांस्ड सर्टिफिकेट इन फर्नीचर डिजाइनिंग  अन्य स्पेशलाइज्ड कारपेंट्री कोर्सेज
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