क्लरननकर ट्रामर मा लरीननकर रयसर्च                                                                             डॉ.भहे श शभा...
उद्योग क इॊ डडमन र्ंफसच सॊघ - पप्सी द्वाया डकमे गमे एक सॊमुक्त अध्ममन क अनुसाय        े                      ै            ...
तीसये र्यण क क्लरननकर ट्रामर भं दर्वा की प्रबार्वकारयता औय दष्प्रबार्व को भॉननटय कयने क नरए            े                  ...
डीसीिीआई- ड्रग कन्डट्रोर य िनयर ऑप इॊ डडमा (औषनध ननमॊत्रक)             बायत की सयकाय द्वाया सबीक्लरननकर ट्रामर का ननमॊत्रण...
एनथक (आईईसी)         फहुआमाभी स्र्वतॊत्र औय सऺभ होना र्ाडहए । एनथक सनभनत भं        कभ से कभ       5-7सदस्म यखा िाना       ...
होगा, मह िहाॊ डकमा िाएगा उसका ऩता आडद ऩूयी िानकायी औय ट्रामर क फाये भं डकसी बी प्रकाय की                                  ...
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क्लिनिकल ट्रायल या क्लीनिकल रिसर्च

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क्लिनिकल ट्रायल या क्लीनिकल रिसर्च

  1. 1. क्लरननकर ट्रामर मा लरीननकर रयसर्च डॉ.भहे श शभाच (एभडी.आमुर्वद) े सदस्म सनर्र्व, सेरयब्रर ईंडडऩंडेन्डडं ट रयर्वव्मू फोडचकछ डदनं से क्लरननकर ट्रामर मा ु लरीननकर रयसर्च उद्योग का वर्वषम र्र्ाच भं है । आॊध्र प्रदे श क गुॊटूय ेक्िरे भं वऩडु गुयारा कस्फे भं एक औषनध कऩनी द्वाया गयीफ भडहराओॊ को इराि क फहाने है दयाफाद रे ॊ ेिामा गमा,दर्वा दी गई औय यक्त क नभूने नरए गए। दर्वा रेने क थोड़ी ही दे य भं भडहराओॊ को नसयददच , ऩैयं े ेभं सूिन औय साॊस रेने भं कडिनाई िैसी तकरीप होने रगी। ऩीक्िडतं को 1500 से 9000 रुऩमे तकबुगतान डकमे गमे। कऩनी ने क्लरननकर ट्रामर क एनथक ननमभं का उल्रॊघन कय गयीफ,ग्राभीण,भडहराओॊ ॊ ेऩय वफना अनुभनत क ऩयीऺण डकमे।भाभरा सयकाय,प्रशासन औय स्र्वास््म अनधकायी, भानर्वानधकाय आमोग ेक सम्भुख है । ेइस रेख भं ट्रामर सॊफधी भ्राॉनतमाॉ दय कयने क नरमे इस व्मर्वसाम की सयसयी तौय ऩय सॊक्ऺप्त ू े िानकायीदी िा यही है ,िैसे बायत भं ही योनगमं ऩय लरीननकर ट्रामर लमं डकमा िाता है ? लरीननकर ट्रामर केलमा ननमभ हं ?लमा योगी का नगनीवऩग िैसा प्रमोग होता है ?लरीननकर ट्रामर भं योगी को लमा अनधकायहै ?लरीननकर ट्रामर से लमा राब हो सकता है ?बायत भं र्वतचभान लरीननकर रयसर्च उद्योग एक दशक ऩुयाना है । वऩछरे तीन र्ाय र्वषं भं इस व्मर्वसाम नेफहुत प्रगनत की है । ऩक्िभीम दे शं भं लरीननकर रयसर्च नई नहीॊ है ।आधुननक नर्डकत्सक की प्रैक्लटस कोभेडडकर प्रैक्लटस कहा िाता है ,िफडक क्लरननकर ट्रामर मा लरीननकर रयसर्च को लरीननकर प्रैक्लटसकहा िाता है ।क्लरननकर ट्रामर का आधुननक इनतहास है । आि क्लरननकर रयसर्च क ऩरयदृश्म भं े फहुत फदरार्व आगमा है ।डद्वतीम वर्वश्व भं नाक्िमं द्वाया कडदमं ऩय अत्मार्ाय कय उन ऩय िफयन क्लरननकर ै रयसर्च डकमागमा।इसक फाद क्लरननकर ट्रामर क नरमे न्डमूयॊफगच कोड की सॊयर्ना की गई। उसक फाद हे नरनसॊकी े े ेडडलरेयेशन भं योगी क अनधकायं को सुयक्ऺत डकमा गमा। हभाये दे श भं गुड क्लरननकर प्रैक्लटस (िीसीऩी) ेऔय डपय शेड्मूर र्वाम अनधननमभ आमा। अफ लरीननकर ट्रामर रयसर्च क नरमे सॊमुक्त याज्म अभेरयका , ेमूयोऩ औय िाऩान क नेतत्र्व भं एक अॊतयाचष्डीम सम्भेरन (इन्डटयनेशनर कॉन्डपये न्डस ऑन हाभोनाइिेशन - े ृआईसीएर्) द्वाया ननधाचरयत डदशा ननदे शं का ऩारन कय डकमा िाता है । इसे आईसीएर्-िीसीऩी कहा िाताहै ।बायत भं इतना लमा खास है ?बायत भं लरीननकर रयसर्च उद्योग तेिी से फढ़ यहा है । वऩछरे 3 र्वषं क दौयान मह उद्योग 20 कयोड़ ेरुऩए से 100 कयोड़ रुऩए फढ़ गमा है । भाकट अनुसॊधान पभच आयएनसीओएस की गई एक रयऩोटच कहती ेहै डक बायत भं 2010-2012 क दौयान लरीननकर रयसर्च की आउटसोनसंग भं र्वावषचक र्वृवि े 30% फढ़कयरगबग $ 600 नभनरमन तक फढ़ सकता है । अॊतययाष्डीम एिेन्डसी अन्डस्टच एॊड मॊग औय र्वाक्णज्म औय
  2. 2. उद्योग क इॊ डडमन र्ंफसच सॊघ - पप्सी द्वाया डकमे गमे एक सॊमुक्त अध्ममन क अनुसाय े ै े बायत भं तीसयेर्यण क लरीननकर रयसर्च 7% से अनधक औय डद्वतीम र्यण क लरीननकर रयसर्च 3.2% डकमे िा यहे हं । े ेबायत भं लरीननकर रयसर्च क फढने क कछ कायण इस प्रकाय हं - े े ुबायत भं योगी औय नर्डकत्सक का अनुऩात अनधक है ।नर्डकत्सा क ऺेत्र भं प्रनशक्ऺत , मोग्म औय सभवऩचत ेर्वैऻाननक औय क्लरननकर अनुसॊधान ऩेशेर्वयं का एक फड़ी सॊख्मा है ।सूर्ना प्रौद्योनगकी ऺेत्र भं बायत अऩनीकशरता क िाना िाता है ।बायतीमं भं आनुर्वॊनशकता,साॊस्कृ नतक औय साभाक्िक आनथचक रूऩ भं वर्ववर्वधता ु ेहै ।बायतीमं क सभकऺ कोकनशमान की तुरना भं एनशमाइमं भं दर्वाओॊ की अरग तयह से प्रनतडिमा दे खी े ेगई है ।वर्वश्व की िनसॊख्मा का रगबग15% बायतीम हं । आफादी क आधाय बायती म1अयफ से अनधक े कीआफादी का प्रनतनननधत्र्व कयते हं ।बायत भं कसय औय भधुभेह िैसे योनगमं की ं फहुरता है ।बायत भंउष्णकडटफॊधीम सॊिभण से रेकय अऩऺमी योगं की एक वर्वस्तृत वर्ववर्वधता है ।बायतीमं क फीर् नशऺा औय ेसॊर्ाय की प्राथनभक बाषा अॊग्रेिी है ।इन कई वर्वनशष्ट कायणं से आि बायत र्वैक्श्वक नर्डकत्सीम ट्रामर केनरए ऩसॊदीदा गॊतव्म फन गमा है ।क्लरननकर ट्रामर लमा है ?क्लरननकर ट्रामर नर्डकत्सा की प्रडिमाओॊ औय दर्वाओॊ की सुयऺा औय प्रबार्वशीरता का भूल्माॊकन केनरमे अनुसॊधान अध्ममन डकमा िाता है । नर्डकत्सा,उऩकयण मा कोई नई प्रडिमा डकसी क नरमे बी एक ेक्लरननकर ट्रामर डकमा िा सकता है । क्लरननकर ट्रामर योनगमं की भदद ,योग मा अर्वस्था का प्रबार्वीउऩर्ाय औय नए औय फेहतय तयीक खोिने े मा अनधक प्रबार्वी औय फेहतय सहनी म उऩर्ाय , र्वतचभानउऩरब्ध उऩर्ाय क एक नमे प्रमोग की खोि, वर्वनशष्ट र्वैऻाननक शॊकाओॊ क सभाधान ढू ॉ ढने क नरए डकमा े े ेिाता है ।क्लरननकर ट्रामर क र्ाय र्यण ेक्लरननकर ट्रामर ऩयीऺण र्ाय र्यणं भं डकमा िाता है । इस क प्रथभ र्यण , डद्वतीम र्यण, तीसये र्यण ेऔय र्तुथच - र्ाय र्यण होते हं । इन र्ाय र्यणं भं अरग नर्डकत्सीम ऩयीऺण डक मे िाते हं । आभ तौयऩूयी प्रडिमा भं आि से दस सार तक रग सकते हं ।ऩहरे र्यण क क्लरननकर ट्रामर भं औषनध का ऩयीऺण 20 से 100 स्र्वस्थ स्र्वमॊसेर्वक भनुष्मं ऩय डकमा ेिाता है । योगी क नरए ट्रामर की सभमा र्वनध अरग अरग होती है । प्रथभ र्यण क्लरननकर ट्रामर भं ेदर्वाओॊ की सुयऺा औय भात्रा की सहनशीरता का आकरन डकमा िाता है । प्रथभ र्यण भं दर्वा की सुयऺाननधाचरयत की िाने ऩय डद्वतीम र्यण का क्लरननकर ट्रामर स्र्वमॊसेर्वकं क फड़े सभूहं ऩय डकमा िाता है । ेडद्वतीम र्यण 300 से अनधक स्र्वमॊसेर्वक योनगमं भं डकमा िाता है । इस र्यण भं दर्वा की प्रबार्वकारयताऔय वर्वषाक्तता, उऩर्ाय की सुयऺा औय दर्वा की आर्वश्मक भात्रा का आकरन डकमा िाता है । डद्वतीम र्यणक्लरननकर ट्रामर को ऩूया कयने क नरए कई सार तक रग सकते हं । े
  3. 3. तीसये र्यण क क्लरननकर ट्रामर भं दर्वा की प्रबार्वकारयता औय दष्प्रबार्व को भॉननटय कयने क नरए े ु ेडकमा िाता है । कई ऩयीऺण कन्डों ऩय 300 से 3000 रक्ऺत हारत से ऩीडड़त योनगमं क फड़े सभूहं भं े ेरॊफे सभम मानन दो से ऩाॊर् सार तक अनुसॊधान डकमा िाता है । इसकी प्रडिमा अन्डम र्यणं की अऩेऺास्र्वाबावर्वक रूऩ से अनधक कडिन है । तीसये र्यण क क्लरननकर ट्रामर भं एक भौिूदा उऩर्ाय मा ेप्रेनसफो क साथ तुरना भं सुयऺा , प्रबार्व उत्ऩादकता औय दर्वाओॊ की भात्रा का ऩयीऺण डक मा िाता है । ेतीसये र्यण क क्लरननकर ट्रामर क दौयान अनधक राबकायी प्रबार्व प्रदान कयने र्वारी ननधाचरयत भात्रा का े ेस्तय का अध्ममन डकमा िाता है । अध्ममन क इस र्यण भं े योग क वर्वनबन्डन स्तयं क नरए दर्वा की े ेप्रबार्वशीरता ननधाचरयत की िाती है ।र्तुथच र्यण अनुसॊधान भं रोगं क एक फड़े सभूह क नरए एक वर्वस्तारयत सभम अर्वनध भं दर्वाओॊ क े े ेदीघचकानरक उऩमोग प्रबार्व की िाॊर् की िाती है । र्तुथच र्यण क अध्ममन रगाताय नई दर्वाओॊ वर्वऩणन ेक फाये भं अनधक िानकायी खोिने क नरए डक े े मा िाता है । र्तुथच र्यण क्लरननकर ट्रामर भं योगीआभतौय ऩय ऩमचर्वेऺण क अधीन यहते हं । र्तुथच र्यण अनुसॊधान साभान्डमत् नर्डकत्सक क कामाचरम भं े ेडकमा िाता है , िहाॊ योनगमं को ननमनभत नर्डकत्सा दे खबार प्राप्त होती है औय नुस्खे डदमे िाते हं । र्तुथचर्यण क्लरननकर ट्रामर के अध्ममन क फाद दर्वा े की आगे की रूऩये खा , इससे होने र्वारे राब औयिोक्खभ औय अनधक िानकायी खोिने क फाद अभेयीकी औषनध प्रानधकयण - एपडीए द्वाया दर्वा ननभाचता ेको दर्वा की वफिी की भॊिूयी दी िाती है ।बायत भं लरीननकर ट्रामर क नरमे ननमाभकता ेडकसी ननष्कषच से ऩहरे लरीननकर रयसर्च क राबं औय उससे सॊफधी ननमभं की िानकायी औय े उनकोसभझना साथचक होगा । बायत क ड्रग्स भहाननमॊत्रक (डीसीिीआई) बायत भं े डकसी बी लरीननकर रयसर्चकी भॊिूयी क नरए क्िम्भेदाय है । डीसीिीआई की भॊिूयी क वफना डकसी प्रकाय का क्लरननकर ट्रामर बायत े ेभं नहीॊ डकमा िा सकता है । आभतौय ऩय बायत भं भॊिूयी क नरमे 3 भहीने रगते हं । फाहयी सराह क े ेनरए डीसीिीआई कामाचरम वर्वशेषऻ औय अन्डम सयकायी एिंनसमं ऩय ननबचय कयता है । औषनध औयप्रसाधन साभग्री अनधननमभ की अनुसूर्ी र्वा म भं 2005 भं सॊशोधन डकमा गमा । ऩहरे वर्वदे शी ट्रामल्स केनीर्े क एक र्यण ही बायत भं डकमे िा सकते थे। अफ र्वैक्श्वक लरीननकर ट्रामर सभानाॊतय रूऩ से बायत ेभं बी डकमे िाना सॊबर्व है ।क्लरननकर ट्रामर भं बाग रेने क नरए अध्ममन वर्वषम/ योगी क अनधकायं की ऩूयी सुयऺा की िाती है । े ेिाॊर् औय दर्वा औय भुफ्त नर्डकत्सा दे खबार की िाती है । स्र्वेच्छा से एक सूनर्त सहभनत ऩय हस्ताऺयकयने क फाद ट्रामर डकमा िाता है । ट्रामर भं बाग रेने क फाद बी ट्रामर िायी यखने क नरए कोई बी े े ेफॊधन नहीॊ होता है । योगी अऩनी सहभनत को डकसी बी सभम र्वाऩस रे सकता है । स्र्वास््म सेर्वा कीगुणर्वत्ता भं सुधाय कयने क नरए रगाताय ध्मान क े य अग्रणी ऩयाभशच डकमा िाता है । बायत दे श भंक्लरननकर ट्रामर की दे खये ख औय भॊिूयी क नरमे शीषचस्थ ननमाभक सॊस्थान इस प्रकाय हं - े
  4. 4. डीसीिीआई- ड्रग कन्डट्रोर य िनयर ऑप इॊ डडमा (औषनध ननमॊत्रक) बायत की सयकाय द्वाया सबीक्लरननकर ट्रामर का ननमॊत्रण डकमा िाता है ।आईसीएभआय – (बायतीम भेडडकर रयसर्च ऩरयषद) मह सर्वोच्र् सॊस्था ,िैर्व नर्डकत्सा औय अनुसॊधान कोसभन्डर्वम कयाती है ।िीईएसी – (िेनेडटक इॊ िीननमरयॊ ग एप्रूर्वर कभेटी) मह अनुभोदन सनभनत िेनेडटक इॊ िीननमरयॊ ग, िीर्ववर्वऻान, क्लरननकर िैर्व प्रौद्योनगकी उत्ऩादं क इस्तेभार औय आणवर्वक क ऺेत्र भं े े क्लरननकर ट्रामर काअनुभोदन कयती है । िीईएसी डीसीिीआई द्वाया डदमे गमे डदशा ननदे शं ऩय काभ कयती है ।डीफीटी वर्वबाग – (िैर्वप्रौद्योनगकी वर्वबाग) बायत भं िीर्व वर्वऻान िैर्व प्रौद्योनगकी वर्वकास क नरए आधुननक ेऺेत्र की नई प्रेयणा की दे खये ख कयता है ।एईआयफी – (ऩयभाणु ऊिाच सभीऺा फोडच ) मह प्रानधकयण नए प्रकाय क वर्वडकयण उऩकयण , ननयीऺण औय ेअनुभोदन वर्वननमाभक ननमॊत्रण, प्रनतष्ठानं क नरए वर्वडकयण उऩकयणं क ऩॊिीकयण कयता है । े ेफीएआयसी – (बाबा एटॉनभक अनुसॊधान कन्डो) मह सर्वोच्र् सॊस्थान बायत भं सबी वर्वडकयण से सॊफॊनधत ेऩरयमोिनाओॊ की भॊिूयी दे ता है औय दे खये ख कयता है । डीसीिीआई सबी क्लरननकर ट्रामल्स भं ये डडमोपाभेस्मूडटकर क नरए बाबा ऩयभाणु अनुसॊधान को की वर्वशेषऻ याम रेता है । े ंडीसीसी – (औषध ऩयाभशचदाता सनभनत) कन्डोीम औषध भानक ननमॊत्रण सॊगिन तकनीकी भागचदशचन प्रदान ेकयता है ।सीडीएर – (कन्डोीम औषध प्रमोगशारा) दर्वाओॊ की ननमॊत्रण क नरए बायत सयकाय की याष्डीम गुणर्वत्ता े ेसाॊवर्वनधक प्रमोगशारा है ।सीएरएए – (संट्रर राइसंस प्रानधकयण) सीडीएससीओ क अन्डतगचत दर्वाओॊ े क वर्वननभाचण राइसंस क नरए े ेअनाऩवत्त प्रभाण ऩत्र िायी कयता है ।डीटीएफी – (ड्रग्स तकनीकी सराहकाय फोडच ) सीडीएससीओ को तकनीकी भागचदशचन दे ता है ।सॊस्थागत एनथक कभेटी (आईईसी) औय इसकी बूनभकाक्लरननकर रयसर्च का एनथकर कभेटी एक भहत्र्वऩूणच डहस्सा है ।भेडडकर रयसर्च की बायतीमऩरयषद(आईसीएभआय) द्वाया नर्डकत्सीम ट्रामर क नरए डदमे गमे क डदशा ननदे शं भं एनथकर कभेटी को े ेसॊस्थागत स्तय ऩय स्थावऩत कयने ऩय िोय डद मा िाता है ।नर्डकत्सीम ट्रामर अध्ममन शुरू कयने से ऩहरेएनथकर कभेटी (आईईसी) द्वाया अनुसॊधान क तयीक(प्रोटोकॉर,दर्वा,िाॉर्स्थर औय िाॉर्कताच,फीभा की े ेिानकायी आडद) का अनुभोदन औय ऩारयत डकमा िाना िरूयी होता है । एनथक कभेटी की क्िम्भेदायीट्रामर की िाॉर् कयते यहना औय क्लरननकर ट्रामर रयसर्च प्रगनत की आर्वनधक सभीऺा कयना होता है ।क्लरननकर ट्रामर की गुणर्वत्ता फेहतय कयने क नरए क्स्थनतमं भं फदरार्व आ यहा है । आईसीएभआय की ेह्यूभन रयसर्च ऩय एक कोीम आर्ाय सनभनत - सीईसीएर्आय ं है ,िो आईईसी क काभकाि का आडडट ेकयती है ।औषनध एर्वॊ प्रसाधन साभग्री क अनुसूर्ी र्वाम भं आईसीएभआय डदशा ननदे शं क अनुसाय सॊशोधन े ेडकमा गमा है ।एनथक सनभनत की सॊयर्ना
  5. 5. एनथक (आईईसी) फहुआमाभी स्र्वतॊत्र औय सऺभ होना र्ाडहए । एनथक सनभनत भं कभ से कभ 5-7सदस्म यखा िाना र्ाडहमे। आभ तौय ऩय न्डमूनतभ ऩाॊर् व्मवक्त का एक कोयभ स्र्वीकाय डकमा िाता है ।अनधकतभ 12-15 सदस्म सॊख्मा की नसपारयश की िाती है । मह ध्मान भं यखा िाना र्ाडहए डक फहुत फड़ीसनभनत ने आभ सहभनत ऩहुॉर्ने भं भुक्श्कर होती है । एनथक सनभनत का सनर्र्व उसी सॊस्थान क िुडा नहीॊ ेहोना र्ाडहए िहाॉ ट्रामर डकमा िा यहा हो । सनभनत का काभ का सॊर्ारन अन्डम सदस्मं द्वाया ही होनार्ाडहए। सदस्मं भं नर्डकत्सा / गैय नर्डकत्सा , र्वैऻाननक औय गैय र्वैऻाननक का नभश्रण हो ना र्ाडहमे।सभाि/ सभुदाम क सबी र्वगं क कल्माण े े की यऺा औय डहत क नरमे इसभं उम्र, नरॊग , सभुदाम, का ेऩमाचप्त प्रनतनननधत्र्व डदमा िाना र्ाडहए । सदस्मं को स्थानीम साभाक्िक औय साॊस्कृ नतक भानदॊ डं क फाये ेभं ऩता होना र्ाडहए। एनथक सनभनत क नबन्डन दृवष्टकोण को प्रनतवफॊवफत सॊयर्ना इस प्रकाय हं : - े1. अध्मऺ2. एक मा दो भौनरक नर्डकत्सा र्वैऻाननक (प्राथनभक रूऩ से एक पायभेकॉरोक्िस्ट)3. अन्डम सॊस्थान से एक मा दो नर्डकत्सक4. एक कानूनी वर्वशेषऻ मा सेर्वाननर्वृत्त न्डमामाधीश5. एक गैय सयकायी साभाक्िक एिंसी / र्वैऻाननक प्रनतनननध6. एक दाशचननक / नथमोरोक्िस्ट/ एनथस्ट7. सभाि से एक साभान्डम व्मवक्त8. सदस्म सनर्र्वनरक्खत सूनर्त सहभनत लमा है?क्लरननकर रयसर्च अध्ममन भं बती कयने से ऩहरे योनगमं क डहतं की यऺा क नरए , एक नरक्खत सूनर्त े ेसहभनत आर्वश्मक है । िीसीऩी डदशा ननदे श भं सहभनत प्रडिमा क कामाचन्डर्वमन क नरए सूनर्त प्ररेखन की े ेिरूयत ऩय िोय डदमा गमा है । योगी मा योगी क प्रनतनननध द्वाया एक नरक्खत सूनर्त सहभनत अनुफॊध है ेडक र्वह अनुसॊधान भं बाग रेने की इच्छा यखते हं । मह सहभनत योगी को मा उसक प्रनतनननध को उसकी ेबाषा भं सभझा कय री िाती है । इस सहभनत क फाद ही अध्ममन डकमा िा े सक ता है ।हय व्मवक्त कोसॊबावर्वत िोक्खभ को सभझा कय अनुसॊधान अध्ममन भं शानभर कयने क नरए सहभनत नरक्खत रूऩ भं ेप्रदान कयनी र्ाडहए।ननयऺयता का स्तय औय गयीफ योगी क नाभाॊकन को ऩूया कयने क नरए प्रामोिकं े े ऩय दफार्व ऩड सकताहै ।िीसीऩी डदशाननदे शं क आधाय ऩय िाॊर्कताच औय क्लरननकर रयसर्च स्थर ऩय अध्ममन दर क सदस्मं े ेद्वाया अध्ममन प्रोटोकॉर का कड़ाई से ऩारन कयने से अध्ममन भं प्रनतबानगमं क अनधकायं की यऺा भं ेभदद नभरती है ।योगी क अनधकाय ेएक नैदाननक अध्ममन क बागीदाय क रूऩ भं औय एक शोध अध्ममन क योगी अनधकाय है डक अध्ममन े े ेभं बाग रेने क नरए ननक्ित कयं डक आऩ बाग रं मा न रं। योगी अऩने अनधकाय ऩय वर्वर्ाय कयं औय ेक्लरननकर ट्रामर की अर्वनध भं से ऩहरे ऩरयनर्त होना र्ाडहए । नाभाॊकन से ऩहरे योगी सॊबावर्वत ऩयीऺणिोक्खभ,फीभा क फाये भं सायी िानकायी े रेना र्ाडहए । अध्ममन की मोिना लमा है , मह कफ तक ऩूया
  6. 6. होगा, मह िहाॊ डकमा िाएगा उसका ऩता आडद ऩूयी िानकायी औय ट्रामर क फाये भं डकसी बी प्रकाय की ेशॊका,प्रश्न मा नर्ॊता की िानकायी रं। योगी को डकसी बी सभम अध्ममन दर्वा क वर्वषम ऩय सर्वार ऩूछ ने ेका अनधकाय है । योगी की सूर्ना को गोऩनीम यखा िाता है । ऩयीऺण भं नाभाॊकन क फाद बी योगी ऩूयी ेतयह स्र्वैक्च्छक होता है । योगी को अनधकाय होता है डक अध्ममन क दौयान डकसी बी सभम र्वह इसे छोड ेसकता है । डकसी भिफूयी मा ऩूर्वाचग्रह भं मह स्र्वीकृ नत नहीॊ दी िाती है । (डॉ.भहे श शभाच, सेरयब्रर ईंडडऩंडेन्डडं ट रयर्वव्मू फोडच क सदस्म सनर्र्व हं ) े

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